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मोटिवेशन

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जिस्मानी जरूरत है – सेक्स

सेक्स जिस्मानी जरूरत के हिसाब से ज़िंदगी का महत्वपूर्ण हिस्सा है

सेक्स जिस्मानी जरूरत के हिसाब से ज़िंदगी का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इससे शायद ही कोई अछूता रहा है। मर्दों में इसे लेकर तरह-तरह के प्रयोग और चाहत की पूर्ति के तरीके अपनाए जाते हैं, तो औरतें अपनी सेक्स की भूख मिटाने के लिए अपने पार्टनर पर आश्रित रहती हैं। वे सेक्स की अज्ञानता से भी भरे होते हैं। जितनी बार ...

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आस्ट्रेलिया के 15 सर्वाधिक लोकप्रिय सेलीब्रेटी जो पूर्णतः शाकाहारी हैं

आस्ट्रेलिया के बड़े-बड़े माल और खाने-पीने के आउटलेट्स में शाकाहारी खाद्य पदार्थों की मांग तब और बढ़ जाती है

आस्ट्रेलिया के बड़े-बड़े माल  और खाने-पीने के आउटलेट्स में शाकाहारी खाद्य पदार्थों की मांग तब और बढ़ जाती है जब अक्टूबर माह में 1 से 7 तारीख को ‘वेजीटेरियन वीक’ के आयोजन का समय निकट आ जाता है। उसके पैकेट पर लगाए गए टैग पर स्पष्ट अक्षरों में लिखा होता है ‘शाकाहारियों के लिए उपयुक्त’। बाहर से आयात किए जाने ...

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अमेरिका की 15 सर्वाधिक लोकप्रिय और सेक्सी अभिनेत्रियां जो पूर्णतः शाकाहारी हैं

अमेरिका की 15 सर्वाधिक लोकप्रिय और सेक्सी अभिनेत्रियां जो पूर्णतः शाकाहारी हैं

पशुओं के साथ नैतिक व्यवहार के पक्षधर लोगों का पशु अधिकार संगठन पेटा के अनुसार इन दिनों अमेरिका में पांच प्रतिशत लोग शाकाहार पसंद करते हैं, जबकि 2.5 प्रतिशत पूर्णतः शाकाहारी बन चुके हैं। इनमें कई सवार्धिक लोकप्रिय और सेक्सी अभिनेत्रियां शाकाहार को अपना चुकी हैं। वैसी नामी अभिनेत्रियों में कैरी अंडरवूड, एलिस सिल्वरस्टोन और क्रिस्टी ब्रिंक्ले हैं। खाद्य पदार्थ ...

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प्रात: बिस्तर छोड़ने से पहले अपने हाथों को देखें

प्रात: बिस्तर छोड़ने से पहले अपने हाथों को देखें

 धर्मशास्त्रों ने प्रात: उठने से पहले मनुष्य के प्रथम कर्तव्य, प्रभु का स्मरण करना बताया है। प्रभु की कृपा से ही मनुष्य को यह अत्यंत दुर्लभ देह प्राप्त हुई है, जो समस्त सृष्टि के कण-कण में विद्यमान है, जिसकी कृपा से मनुष्य सब प्रकार के भय और कष्ट से मुक्त हो जाता है, प्रात: काल में भगवान के स्मरण से ...

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खूबियों से भरे हैं सप्ताह के सभी दिन

खूबियों से भरे हैं सप्ताह के सभी दिन

 अंग्रेजी के महीने में सामान्यत: चार सप्ताहों के सभी सात दिनों पर नौ ग्रहों में से किसी न किसी का राज चलता है। जैसे रविवार पर सूर्य का सोमवार पर चंद्रमा का, मंगलवार पर मंगल एवं राहु का, बुधवार पर बुध का, बृहस्पतिवार पर गुरु का, शुक्रवार पर शुक्र और शनिवार पर शनि एवं केतु का अधिपत्य बना रहता है। ...

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कब और कैसे करें मंत्र साधना

कब और कैसे करें मंत्र साधना

 सूर्योदय से प्राय: दो घंटे पहले ब्रह्ममूहुर्त्त में मंत्र साधना , साधक की सर्वांग उन्नति के लिये शुभ होता है। उस समय सोते रहना स्वास्थ्य व आर्थिक समृद्धि के विकास के लिये अशुभ है। अत: ब्रह्ममुहूर्त्त में उठकर अपने दोनों हाथों को देखें तथा भावना करें- कराग्रे वसते लक्ष्मी, करमध्ये सरस्वती। करमूले स्थितो ब्रह्मा, प्रभाते करदर्शनम्।।  नित्य कर्म से निपटकर ...

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वैदिक मान्यताः गर्भाधान कब, क्यों और कैसे ?

वैदिक मान्यताः गर्भाधान कब, क्यों और कैसे ?

 प्रत्येक समाज, वर्ग एवं परिवार की किसी भी युवती का गर्भधारण उसके मन, शरीर एवं मस्तिष्क की स्वस्थता के साथ-साथ सामाजिक और पारिवारिक नैतिकता के अधार पर संस्कार-सम्मत माना जाता है। इनमें मानवीयता को सर्वोपरि स्थान दिया गया है, जिसका विचार विज्ञान और हिंदू धर्म ग्रंथों में बारीकी से बताया गया है। इसके अनुसार किसी भी लड़की को तब तक ...

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व्रत और उपवास : मानसिक और आत्मिक शांति मिलती है

"व्रत" और "उपवास" क्यों ?

 सभी तरह के पर्व-त्योहार में व्रत और उपवास का विशेष महत्व है। सामान्य तौर पर इन्हें एक ही समझा जाता है, जबकि इनके अर्थ और महत्व में विभिन्नता है। दोनों के अर्थ में बहुत ही थोड़ा सा फर्क है। व्रत में भोजन की बाध्यता नहीं है, जबकि उपवास में निराहार रहना आवश्यक होता है। किसी भी तरह के उपवास के ...

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ब्रह्म मुहूर्त में जागरण क्यों ?

प्रात: काल में जागरण क्यों ?

 इस प्रश्न का वास्तविक उत्तर तो उसका आचरण करने पर ही मिल सकता है, क्योंकि किसी भी शंका का समाधान उसके उत्तर में प्रतिपादित तथ्यों की अनुभूति से ही- संभव है। इतना जान लेना चाहिए कि ब्रह्म मुहूर्त का समय शारीरिक-स्वास्थ्य, बुद्धि, आत्मा मन आदि सभी की दृष्टि से निंद्रा छोड़कर जग जाने के लिए परम उपयुक्त है। ब्रह्म मुहूर्त का ...

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